शनिवार, 3 जनवरी 2009

हम ख्वाबो मे उन के पास जा पहुचे ,
उनको वो तस्वीर कहते है ,
चोक कर जब वो जग उठे ,
उसे हम अपनी तकदीर कहते है .....................अमित

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