गुरुवार, 29 जनवरी 2009

चुटकला

रावरी देवी मर जाती हैं,
और स्वर्ग में यमराज के पास पहुचती है।
वहाँ देखती हैं एक दीवाल पर ढेर सारी घडियाँ टंगी हैं।
राबरी (यमराज से) :इस दीवाल पर इतनी सारी घडियाँ क्यों है?
यमराज : ये झूठी घडियाँ हैं,
जो धरती पर झूठ बोलता हैं,
ये सब उसके उसके नाम की घडियाँ हैं।
जब भी कोई एक झूठ बोलता हैं,
तो उसके नाम की घड़ी एक पॉइंट आगे बढ़ जाती है।
राबडी: (एक घड़ी की तरफ़ इशारा करके) ये वाली घड़ी किसकी है?
यमराज: ये घड़ी गौतम बुध की हैं,
उसने कभी एक भी झूठ नही बोला,
इसलिए इस घड़ी का एक भी पॉइंट आगे नही बढ़ा है।
राबडी :(दूसरी घड़ी की तरफ़ इशारा करके) और ये वाली घड़ी किस की हैं?यमराज : ये वाली घड़ी गांधी जी की हैं,
उसने सिर्फ़ दो बार झूठ बोला था,
इसलिए इस घड़ी का पॉइंट सिर्फ़ दो बार आगे बढ़ा है।
राबडी (आश्चर्य से यमराज से पूछती हैं) : अच्छा ,हमारे पति श्री लालू जी की कौन सी घड़ी है?

यमराज:उनकी घड़ी मेरे ऑफिस में लगी हैं ,जो सीलिंग फैन का काम कर रही हैं.

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